जो भक्तों को उनकी साधना में सहायक होते हैं। कुल मिलाकर
जिसमें भगवान श्रीराम के वनवास से अयोध्या लौटने के दिन — उस एक पावन दिन — का हृदयस्पर्शी वर्णन किया गया है। यह ग्रंथ रामचरितमानस के आधार पर लिखा गया है और उसी की भाव-रेखा और प्रमाणिकता को अपने भीतर समाहित किए हुए है।
उनके प्रेम के रस और भक्ति के अनुभवों से जोड़ता है। गीता प्रेस द्वारा प्रकाशित इस पुस्तक में कविताएं और भक्ति गीत शामिल हैं
रोग और संकटों से रक्षा करने वाला दिव्य कवच भी माना गया है। गीता प्रेस द्वारा प्रकाशित यह पुस्तक प्रत्येक श्रद्धालु के घर में पूजन-पाठ के लिए एक आवश्यक ग्रंथ के रूप में अत्यंत उपयोगी सिद्ध होती है।
यह ग्रंथ उन साधकों और जिज्ञासु पाठकों के लिए विशेष रूप से उपयोगी है जो जीवन के आवागमन रूपी भवरोग से मुक्ति पाकर स्थायी शांति और परमात्मा की प्राप्ति करना चाहते हैं।
Gau Ank (Kalyan) - 1773 Best Seller जो भक्तों को उनकी साधना, " " ( 1773) , , , , ,